जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के नवनियुक्त कुलपति प्रो. राकेश कुमार सिंह ने विश्वविद्यालय की प्रशासनिक और तकनीकी व्यवस्थाओं में सुधार की दिशा में पहल शुरू कर दी है। विद्यार्थियों को ऑनलाइन सेवाओं में होने वाली परेशानियों के स्थायी समाधान के लिए विशेष तकनीकी टीम गठित की जाएगी। यह टीम विश्वविद्यालय की डिजिटल व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी करेगी और सामने आने वाली समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करेगी।
कुलपति ने कार्यप्रणाली में तेजी और जवाबदेही बढ़ाने के उद्देश्य से पूर्व में लागू पांच दिवसीय कार्य सप्ताह की व्यवस्था समाप्त कर कार्यालयों को सप्ताह में छह दिन संचालित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि प्रवेश, परीक्षा फॉर्म, परिणाम, अंकपत्र, डिग्री, माइग्रेशन और ऑनलाइन सत्यापन जैसी सेवाएं विद्यार्थियों के शैक्षणिक भविष्य से सीधे जुड़ी हैं। इनमें किसी भी तरह की तकनीकी खामी या लापरवाही के कारण विद्यार्थियों को परेशानी नहीं होनी चाहिए।
छात्रहित को प्राथमिकता देने का उदाहरण हाल ही में सामने आया, जब पटना से प्रोविजनल डिग्री के लिए आधा दर्जन से अधिक छात्र-छात्राएं विश्वविद्यालय पहुंचे। मामले की जानकारी होने पर कुलपति ने तत्काल संबंधित कार्यालय खुलवाया। अभिलेखों का सत्यापन कराने के बाद विद्यार्थियों को मौके पर ही प्रोविजनल डिग्री उपलब्ध कराई गई।
कुलपति प्रो. राकेश कुमार सिंह ने कहा कि भविष्य में ऐसी पारदर्शी और सुदृढ़ ऑनलाइन व्यवस्था विकसित की जाएगी, जिससे दूर-दराज के विद्यार्थियों को प्रमाणपत्रों के लिए विश्वविद्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें। संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय कर कार्यों का सुचारु संचालन सुनिश्चित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि कार्यभार संभाले अभी कुछ ही दिन हुए हैं और विश्वविद्यालय की व्यवस्थाओं को गहराई से समझा जा रहा है। प्रोविजनल डिग्री, माइग्रेशन समेत सभी ऑनलाइन सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए विशेष टीम गठित कर जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। प्रत्येक समस्या का बिंदुवार और समयबद्ध समाधान करना प्राथमिकता होगी, ताकि विद्यार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
