वरिष्ठ सर्जन डॉ. सैफ हुसैन खान बोले—रक्तदान महादान, जरूरतमंदों की सेवा ही सच्ची मानवता
जौनपुर। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के संस्थापक सर सैयद अहमद खान की 208वीं जयंती के अवसर पर एएमयू ओल्ड बॉयज एसोसिएशन जौनपुर की ओर से जिला चिकित्सालय में फल वितरण एवं रक्तदान कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके तीमारदारों को फल वितरित किए गए। वहीं, एसोसिएशन के नौ पूर्व छात्रों ने रक्तदान कर सर सैयद अहमद खान को श्रद्धांजलि अर्पित की।
एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ सर्जन डॉ. सैफ हुसैन खान ने कहा कि रक्तदान महादान है। किसी जरूरतमंद को रक्त देकर उसका जीवन बचाना सबसे बड़ा सेवा कार्य है। उन्होंने कहा कि डेंगू सहित विभिन्न बीमारियों में मरीजों को रक्त, प्लेटलेट्स और प्लाज्मा की आवश्यकता पड़ती है। ऐसे समय में रक्तदाताओं का योगदान किसी जरूरतमंद के लिए जीवनरक्षक साबित होता है। उन्होंने समाज के लोगों, विशेषकर युवाओं से रक्तदान के प्रति जागरूक होने और जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आने की अपील की।
डॉ. सैफ हुसैन खान ने कहा कि सर सैयद अहमद खान ने शिक्षा, सामाजिक सुधार और समाज के उत्थान के लिए अपना जीवन समर्पित किया। उनकी जयंती पर सेवा कार्यों का आयोजन उनके विचारों को आगे बढ़ाने का एक सार्थक प्रयास है। शिक्षा और मानव सेवा के माध्यम से ही एक जागरूक, स्वस्थ एवं सशक्त समाज का निर्माण किया जा सकता है।
एसोसिएशन के महासचिव एवं सभासद शाहनवाज मंजूर ने कहा कि सर सैयद अहमद खान का जन्म 17 अक्टूबर 1817 को हुआ था। उनका सपना समाज के बच्चों को धार्मिक शिक्षा के साथ आधुनिक विज्ञान की शिक्षा से जोड़ना था। उन्होंने कहा कि सर सैयद के शैक्षिक मिशन को आगे बढ़ाना और समाज को शिक्षा के प्रति जागरूक करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
कार्यक्रम में डॉ. फहीम खान, डॉ. मोहम्मद फैज, इंजीनियर काजी फैज अहमद, असलम इंजीनियर, शब्बीर कादरी, आबिद भाई, हनीफ अंसारी, खुर्शीद, मोहम्मद एहसान, आरिफ अब्बास, मोहम्मद साकिब और डॉ. साजिद शेरवानी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
इस आयोजन के माध्यम से एएमयू ओल्ड बॉयज एसोसिएशन ने रक्तदान, शिक्षा और मानव सेवा का संदेश दिया।
