जौनपुर। इफको की ओर से बुधवार को जिला कृषि अधिकारी कार्यालय के सभागार में विक्रेता प्रभारी प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नैनो उर्वरकों के उपयोग, आधुनिक कृषि तकनीक और इफको के विभिन्न उत्पादों के लाभ के बारे में विक्रेताओं को जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डीसीएफ चेयरमैन धनंजय सिंह ने कहा कि नैनो उर्वरक कृषि क्षेत्र का भविष्य है। इसके इस्तेमाल से मिट्टी की सेहत को बेहतर रखते हुए फसल की उत्पादकता बढ़ाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि किसानों तक आधुनिक कृषि तकनीक की जानकारी पहुंचाने में उर्वरक विक्रेताओं की महत्वपूर्ण भूमिका है।
उप कृषि निदेशक अश्वनी सिंह ने नैनो उर्वरक की तकनीकी उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आधुनिक कृषि में यह तकनीक काफी उपयोगी है। इससे उर्वरकों के बेहतर इस्तेमाल के साथ खेती को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। जिला कृषि अधिकारी विनय सिंह ने कहा कि आधुनिक उर्वरकों और वैज्ञानिक तकनीकों का सही तरीके से प्रयोग कर किसान अपनी फसल की लागत को नियंत्रित करते हुए अधिक मुनाफा प्राप्त कर सकते हैं।
एआर बृजेश पाठक ने कहा कि विक्रेताओं को किसी भी उत्पाद की जानकारी किसानों तक पहुंचाने से पहले उसका स्वयं प्रयोग और उसकी उपयोगिता को समझना चाहिए। इसके बाद ही किसानों को उसके इस्तेमाल के बारे में सही जानकारी देनी चाहिए।
इफको के क्षेत्र प्रबंधक अक्षय पांडे ने इफको के विभिन्न उत्पादों के बारे में जानकारी देते हुए उनके उपयोग और किसानों को मिलने वाले लाभ के बारे में विस्तार से बताया। कार्यक्रम का संचालन आत्मा योजना के रमेश यादव ने किया।
इस अवसर पर अपर जिला कृषि अधिकारी रविंद्र पाल, सौरभ सिंह, राधेश्याम यादव, सचिव कैलाश सिंह सहित इफको के क्षेत्र प्रतिनिधि संजय यादव, विवेक बरनवाल, अजीत यादव और अनुराग सिंह मौजूद रहे।