Trending

Jaunpur News : संवैधानिक संस्थाओं पर हमला कर राजनीतिक नाकामियां छिपा रही कांग्रेस: अजीत प्रजापति

Naya Savera Network

चुनाव आयोग पर विपक्ष के आरोपों को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर साधा निशाना

जौनपुर। उत्सव मोटल में सोमवार को आयोजित प्रेस वार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति ने चुनाव आयोग को लेकर कांग्रेस और विपक्षी दलों की ओर से लगाए जा रहे आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि लगातार मिल रही चुनावी हार से कांग्रेस अपनी राजनीतिक और संगठनात्मक कमजोरियों का आत्ममंथन करने के बजाय देश की संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बना रही है। प्रेस वार्ता में राज्यसभा सांसद सीमा द्विवेदी, लोकसभा प्रत्याशी कृपाशंकर सिंह, पीयूष गुप्ता, अजय सिंह, जिला मीडिया प्रभारी आमोद सिंह और प्रद्युम्न तिवारी मौजूद रहे।

राजनीतिक नाकामियों से ध्यान भटकाने का आरोप

अजीत प्रजापति ने कहा कि कांग्रेस को अपनी राजनीतिक और संगठनात्मक कमजोरियों पर आत्ममंथन करना चाहिए। प्रशासनिक एवं संवैधानिक विषयों को राजनीतिक मुद्दा बनाकर जनता के बीच भ्रम पैदा करने से उसकी समस्याओं का समाधान नहीं होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस चुनाव हारने के बाद चुनाव आयोग और अन्य लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाकर अपनी जमीनी विफलताओं से जनता का ध्यान भटकाने का प्रयास करती है।

जनादेश का सम्मान करने की नसीहत

भाजपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में जनता का जनादेश सर्वोपरि है। उनके अनुसार कांग्रेस और उसके नेता चुनाव परिणामों के बाद संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाने के बजाय लोकतांत्रिक प्रक्रिया का सम्मान करें। उन्होंने आरोप लगाया कि संवैधानिक व्यवस्था और चुनावी प्रक्रिया को लेकर भ्रम फैलाने से लोकतांत्रिक संस्थाओं की विश्वसनीयता प्रभावित होती है।

चुनाव आयोग के बयान का दिया हवाला

अजीत प्रजापति ने चुनाव आयोग की ओर से जारी संयुक्त बयान और प्रेस नोट का उल्लेख करते हुए कहा कि आयोग की ओर से एसआईआर समेत विभिन्न मुद्दों पर स्थिति स्पष्ट की गई है। उन्होंने दावा किया कि आयोग के तीनों आयुक्तों ने सर्वसम्मति से संबंधित फैसले लिए हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाने के बजाय विपक्ष को आयोग द्वारा प्रस्तुत तथ्यों को देखना चाहिए।

कैबिनेट सेक्रेटरी को पत्र पर दी सफाई

उन्होंने उस कथित पत्र को लेकर भी प्रतिक्रिया दी, जिसे लेकर विपक्ष की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं। प्रजापति ने कहा कि चुनाव आयोग के अनुसार कैबिनेट सेक्रेटरी को भेजा गया पत्र किसी नीतिगत विषय या एसआईआर से संबंधित नहीं था। उनके मुताबिक यह प्रतिनियुक्ति पर आए एक अधिकारी की प्रशासनिक कार्यप्रणाली से जुड़ा आंतरिक मामला था। उन्होंने कहा कि इस विषय को चुनाव आयोग की नीति से जोड़कर देखना उचित नहीं है।

फॉर्म-6 को लेकर विपक्ष पर भ्रम फैलाने का आरोप

भाजपा जिलाध्यक्ष ने फॉर्म-6 को लेकर भी विपक्ष पर जनता के बीच भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि एसआईआर के लिए फॉर्म-6 से संबंधित घोषणापत्र को लेकर न्यायालय के समक्ष स्थिति स्पष्ट की जा चुकी है। उन्होंने दावा किया कि आयोग की ओर से रैन बसेरों, मजदूरों और बेघर लोगों तक पहुंचने के लिए विशेष शिविर तथा बीएलओ के माध्यम से छूटे हुए लोगों से फॉर्म लेने जैसी व्यवस्थाएं की जा रही हैं।

ईवीएम को लेकर राहुल गांधी पर निशाना

अजीत प्रजापति ने लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान ईवीएम को लेकर राहुल गांधी की ओर से की गई टिप्पणियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि चुनाव हारने के बाद कांग्रेस की ओर से कभी ईवीएम, कभी चुनाव आयोग और कभी अन्य संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाए जाते हैं। उन्होंने एलन मस्क के एक बयान का हवाला देते हुए राहुल गांधी द्वारा ईवीएम को लेकर उठाए गए सवालों का भी उल्लेख किया और कहा कि चुनाव प्रक्रिया में ईवीएम की सुरक्षा और विश्वसनीयता को लेकर बार-बार स्पष्टीकरण दिए गए हैं।

राहुल गांधी के पुराने बयानों का किया उल्लेख

प्रजापति ने राहुल गांधी द्वारा चुनाव आयोग पर लगाए गए आरोपों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी कई बार चुनाव आयोग पर सत्ताधारी दल के दबाव में काम करने जैसे आरोप लगा चुके हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष ने राफेल मामले में राहुल गांधी के बयान और बाद में सुप्रीम कोर्ट में दाखिल माफीनामे का उल्लेख करते हुए कांग्रेस नेता पर न्यायिक संस्थाओं को लेकर भी विवादित बयान देने का आरोप लगाया।

बालाकोट और तवांग के बयानों का जिक्र

भाजपा जिलाध्यक्ष ने बालाकोट एयर स्ट्राइक और तवांग में भारत-चीन सैनिकों के बीच हुई झड़प से जुड़े राहुल गांधी के बयानों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील मामलों में विपक्षी नेताओं को बयान देते समय तथ्यों और परिस्थितियों का ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं के ऐसे बयानों से देश की संस्थाओं और सुरक्षा व्यवस्था पर अनावश्यक सवाल खड़े होते हैं।

संवैधानिक संस्थाओं के सम्मान की अपील

अजीत प्रजापति ने कहा कि चुनाव आयोग, सुप्रीम कोर्ट और अन्य संवैधानिक संस्थाएं लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उन्होंने कांग्रेस और विपक्षी दलों से इन संस्थाओं पर बेबुनियाद आरोप लगाने के बजाय तथ्यों के आधार पर अपनी बात रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि राजनीतिक लाभ के लिए संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बनाने की प्रवृत्ति बंद होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी से कथित भ्रामक प्रचार के लिए जनता से माफी मांगने की मांग की।

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!