Trending

Jaunpur News : ​शिक्षा का व्यवसायीकरण सम्बन्धी जांच समिति की बैठक सम्पन्न

टीम संचार सेतु

जौनपुर। उत्तर प्रदेश विधान परिषद् की शिक्षा का व्यवसायीकरण सम्बन्धी जांच समिति की बैठक मानवेन्द्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में वाराणसी के सर्किट ऑफिस में हुई जहां समिति द्वारा संबंधित अधिकारियों से जनपद में सरकारी/प्राइवेट इजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट कालेज/डिप्लोमा और आई०टी०आई० इसका विवरण, इजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट कालेजों में पढ़ने छात्रों के साथ वर्ष 2021-2022, 2022-2023, 2023-2024, 2024-2025 में दुर्घटना हुई है, जनपद में सरकारी एवं प्राइवेट इजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट कालेजों में/डिप्लोमा सेमेस्टर के अनुसार प्रत्येक कालेजों में प्रत्येक सेमेस्टर में ली जाने वाली फीस के संबंध जानकारी प्राप्त किया। जनपद में प्रत्येक इंजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट कालेजों/डिप्लोमा हॉस्टलों में रहने वाले प्रत्येक छात्र-छात्राओं से ली जाने वाली फीस, जनपद में इंजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट/डिप्लोमा में प्रत्येक कालेज में कितने छात्र पढ़ रहे हैं, वर्ष 2023-2024, 2024-2025 में प्रत्येक कालेजों के छात्र-छात्राओं के विवरण के बारे में जानकारी लिया। मैनेजमेन्ट/डिप्लोमा करने हेतु एडमीशन के समय ली जाने वाली काशन मनी के सम्बन्ध में, जनपद में इजीनियरिंग/मैनेजमेन्ट की पढ़ायी/डिप्लोमा करने वाले हास्टलों में रहने वाले छात्र-छात्राओं से हॉस्टल से कालेज तक परिवहन उपलब्ध होता है, उसका प्रत्येक छात्र परिवहन चार्ज कितना लिया जाता, आई०सी०एस०ई० अथवा यू०पी० बोर्ड द्वारा प्रदत्त मान्यता आधार पर विधि विरूद्ध ढंग से अन्य शाखाओं के संचालन की जांच के संबंध में जानकारी लिया।
स्कूली वाहनों के पंजीयन के समय दिये गये पते व उनके संचालन के पते में समानता की जांच के संबंध में जानकारी लेते हुये जनपद में बिना परिमिट संचालित निरूद्ध किये गये एवं 15 वर्ष से अधिक अवधि की स्कूल बसों के संबंध में जानकारी लेते हुए समिति द्वारा निर्देशित किया गया कि हर विद्यालय में फर्स्ट एड बॉक्स, मेडिकल किट उपलब्ध होने चाहिए। आरटीई के तहत लक्ष्य बनाकर स्कूलों में ज्यादा से ज्यादा नामांकन होने चाहिए। समाज कल्याण अधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे सुनिश्चित करें कि बच्चों को समय छात्रवृत्ति मिल जानी चाहिए। सेवारत कर्मचारियों को बीमा आदि का लाभ दिये जाने के संबंध में जानकारी लेते हुये आबकारी अधिकारी को निर्देशित किया कि किसी भी शिक्षण संस्थान के बाहर गुटखा, मादक पदार्थ आदि की बिक्री होते न पायी जाय।
समिति ने अल्पसंख्यक अधिकारी को निर्देशित किया कि जितने भी बिना मान्यता के मदरसे जो बिना मान्यता के संचालित है, उनको बंद करते हुए छात्रों काउंसलिंग कराया जाए तथा उन्हें आवासीय विद्यालयों अथवा मान्यता प्राप्त मदरसों में प्रवेश दिलाया जाय। समिति ने जनपद में संचालित अरबी-फारसी मदरसे है, जनपद के कितने प्राथमिक विद्यालयों शिक्षामित्र नियुक्त हैं, मेडिकल कालेज में कितने असिस्टेन्ट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर नियुक्त है, आदि के संबंध में भी जानकारी लिया। इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र, पुलिस अधीक्षक डॉ0 कौस्तुभ, मुख्य विकास अधिकारी ध्रुव खाडिया, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ0 गोरखनाथ पटेल सहित अन्य उपस्थित रहे।

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!