Jaunpur News : समाज एवं भावनाओं की अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम

फोटो प्रदर्शनी में दिखे जौनपुर के रंग, संस्कृति और ग्रामीण जीवन की झलक
जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के जनसंचार विभाग में शनिवार को आयोजित फोटोग्राफी प्रदर्शनी आकर्षण का केंद्र रही। प्रदर्शनी में 200 से अधिक तस्वीरों के माध्यम से प्रकृति, संस्कृति, इतिहास और ग्रामीण जीवन के विविध रंगों को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया। प्रदर्शनी का उद्घाटन ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग की समन्वयक डॉ रुचिता चौधरी ने किया. उन्होंने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि फोटोग्राफी केवल तस्वीरें लेने की कला नहीं, बल्कि समाज, संस्कृति और भावनाओं को अभिव्यक्त करने का सशक्त माध्यम है। फोटो प्रदर्शनी में कहीं जौनपुर की ऐतिहासिक धरोहरों की भव्यता दिखाई दी तो कहीं गांव की सादगी और मिट्टी से जुड़े जीवन की भावनात्मक झलक देखने को मिली। शाही किला की ऐतिहासिकता, कुम्हारों की मेहनत, ग्रामीण परिवेश और काशी के घाट की आध्यात्मिक सुंदरता को विद्यार्थियों ने अपनी कैमरा कला से बेहद प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।
रमन मिश्र ने जौनपुर की ऐतिहासिक धरोहरों, लक्ष्मण कुमार और रामानंद प्रजापति ने ग्रामीण जीवन की सहजता और संघर्ष को तस्वीरों में उकेरा। वहीं मनोज यादव और गिरजा शंकर ने मानव और गांव के रिश्तों को संवेदनशील अंदाज में प्रस्तुत किया। दिव्यांशु, कन्हैया और पृथ्वीराज ने कुम्हारों के जीवन और उनकी मेहनत को कैमरे में कैद कर दर्शकों को भावुक कर दिया। शमलेश और सौरभ ने जौनपुर की ऐतिहासिक विरासत को अपनी तस्वीरों में जीवंत किया। मनीष यादव, सर्वेश और मोनू ने प्रकृति के बदलते रंगों को आकर्षक ढंग से प्रदर्शित किया। वहीं सौरभ, उत्कर्ष और अमन ने शाही किला की भव्यता को तस्वीरों में उतारा। कृष्णा, सचिन और अनुराग ने काशी के घाट की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक छटा को अपनी फोटोग्राफी से जीवंत बना दिया। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो मनोज मिश्र ने अतिथि का स्वागत कर स्मृति चिन्ह भेंट किया। प्रदर्शनी का संयोजन डॉ दिग्विजय सिंह राठौर ने किया। कार्यक्रम में डॉ सुनील कुमार, डॉ चंदन सिंह, डॉ सुरेन्द्र यादव, डॉ अमित मिश्र समेत अन्य लोग उपस्थित रहे।

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